Breaking
Loading latest news from Mission Admission 2020...

Wednesday, October 7, 2026

दिल्ली यूनिवर्सिटी ने छात्रों के लिए इंटर-काॅलेज माइग्रेशन का मौका

दिल्ली यूनिवर्सिटी (DU) में पढ़ने वाले छात्रों के लिए इंटर-काॅलेज माइग्रेशन के माध्यम से काॅलेज बदलने का विकल्प दिया गया है। हालांकि, माइग्रेशन की सुविधा सभी छात्रों या सभी सेमेस्टर के लिए नहीं है। यूनिवर्सिटी के नियमों के अनुसार, इंटर-काॅलेज माइग्रेशन मुख्य रूप से तीसरे सेमेस्टर (3rd Semester) में ही किया जाता है। इसके लिए एक शर्त भी पूरी करनी होगी। डीयू ने नोटिस जारी करके इसकी जानकारी दी है। यहां माइग्रेशन के बारे में पूरी डिटेल दी जा रही है।

DU में केवल तीसरे सेमेस्टर में माइग्रेशन की सुविधा

दिल्ली यूनिवर्सिटी के इंटर-कॉलेज माइग्रेशन नियमों और ऑफिशियल वेबसाइट du.ac.in पर जारी नोटिस के मुताबिक, UG लेवल पर माइग्रेशन तीसरे सेमेस्टर में किया जा सकता है। यानी छात्र पहले वर्ष की पढ़ाई पूरी करने के बाद दूसरे साल में प्रवेश के समय दूसरे DU कॉलेज में माइग्रेशन के लिए आवेदन कर सकता है। इसके लिए छात्र के पहले और दूसरे सेमेस्टर का रिजल्ट घोषित होना जरूरी है।

इसके अलावा माइग्रेशन सीट की उपलब्धता और संबंधित कॉलेजों की सहमति पर निर्भर करता है। इसका मतलब यह है कि केवल आवेदन करने से कॉलेज बदल जाएगा। जिस कॉलेज में छात्र माइग्रेशन चाहता है, वहां सीट उपलब्ध होना और निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन स्वीकार होना जरूरी है।

डीयू में माइग्रेशन के आवेदन की अंतिम तारीख क्या है?

अलग-अलग DU के कॉलेजों ने अपने स्तर पर इंटर-कॉलेज माइग्रेशन के लिए नोटिस जारी किए थे। नोटिस में स्पष्ट किया गया था कि इसके बाद आवेदन स्वीकार नहीं किए जाएंगे। आवेदन के साथ छात्र को अपने मौजूदा यानी पैरेंट कॉलेज से नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC) और पहले व दूसरे सेमेस्टर की मार्कशीट जमा करनी थी।

डीयू ने तीसरे सेमेस्टर के छात्रों के लिए इंटर-कॉलेज माइग्रेशन का अवसर दिया है। इसके लिए 9 अक्टूबर 2026 तक अप्लाई किया जा सकता है। इस सुविधा का फायदा लेने के लिए छात्रों का पहले और दूसरे सेमेस्टर का रिजल्ट घोषित होना और कोई बैकलॉग न होना अनिवार्य है।

स्टूडेंट्स को एक शर्त का रखना होगा ध्यान

माइग्रेशन के लिए सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि छात्र को अपने वर्तमान कॉलेज से NOC लेनी होती है। इसके अलावा जिस कॉलेज में माइग्रेशन मांगा जा रहा है, वहां सीट और संबंधित अधिकारियों की स्वीकृति भी जरूरी है। कई काॅलेजों ने माइग्रेशन के लिए आवेदन मांगे थे लेकिन स्टूडेंट्स को यह ध्यान में रखना है कि उनका कोई भी बैकलाॅग नहीं होना चाहिए। आवेदन करने से पहले एक बार संबंधित काॅलेज या दिल्ली यूनिवर्सिटी की ऑफिशियल वेबसाइट जरूर विजिट करें।




राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) 10वीं बोर्ड परीक्षा 2027: साल में दो बार होगी परीक्षा, जानें कब-कब मिलेगा मौका

राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने कक्षा 10वीं के विद्यार्थियों के लिए परीक्षा व्यवस्था में बड़ा बदलाव किया है। अब विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षा के लिए साल में दो अवसर मिलेंगे। यह नई व्यवस्था शैक्षणिक सत्र 2026-27 से लागू की जा रही है। बोर्ड की ओर से जारी दिशा-निर्देशों के बाद विद्यार्थियों और अभिभावकों के बीच परीक्षा की तारीखों को लेकर उत्सुकता बढ़ गई है।

फरवरी-मार्च में होगी पहली बोर्ड परीक्षा

नई व्यवस्था के तहत कक्षा 10वीं की पहली बोर्ड परीक्षा फरवरी से मार्च 2027 के बीच आयोजित की जाएगी। इसे मुख्य बोर्ड परीक्षा माना जाएगा। इस परीक्षा में कक्षा 10वीं के विद्यार्थियों को शामिल होना होगा।

हालांकि, बोर्ड ने अभी तक सभी विषयों की दिनवार परीक्षा तारीख और विस्तृत टाइम टेबल जारी नहीं किया है। इसलिए विद्यार्थियों को आधिकारिक डेटशीट जारी होने का इंतजार करना होगा।

मई में मिलेगा दूसरा मौका

पहली परीक्षा समाप्त होने के बाद विद्यार्थियों को दूसरी परीक्षा का अवसर मई 2027 में दिया जाएगा। यह मौका उन विद्यार्थियों के लिए खास तौर पर उपयोगी होगा जो पहली परीक्षा में अपेक्षित परिणाम हासिल नहीं कर पाते हैं।

इसके अलावा जिन विद्यार्थियों को अपने अंकों में सुधार करना है, वे भी बोर्ड के निर्धारित नियमों और पात्रता के अनुसार दूसरी परीक्षा में शामिल हो सकेंगे।

एक ही साल में परिणाम सुधारने का अवसर

पहले बोर्ड परीक्षा में अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर पाने वाले विद्यार्थियों को परिणाम सुधारने के लिए अगले अवसर का इंतजार करना पड़ता था। नई व्यवस्था में यह समय कम होगा। विद्यार्थी मई में दोबारा परीक्षा देकर अपने प्रदर्शन को बेहतर करने का प्रयास कर सकेंगे।

इससे उन विद्यार्थियों को भी फायदा होगा जिनका परिणाम किसी एक परीक्षा में खराब रहने के कारण प्रभावित हो जाता है।

अंक सुधार के लिए भी परीक्षा

दूसरी परीक्षा सिर्फ असफल विद्यार्थियों के लिए ही नहीं होगी। बोर्ड के निर्धारित नियमों के अनुसार ऐसे विद्यार्थी भी इसमें शामिल हो सकेंगे जो मुख्य परीक्षा में पास होने के बावजूद अपने अंक बढ़ाना चाहते हैं।

इससे विद्यार्थियों को आगे की पढ़ाई में बेहतर अंक हासिल करने का अतिरिक्त अवसर मिलेगा।

पुरानी सप्लीमेंट्री व्यवस्था में बदलाव

साल में दो बार परीक्षा आयोजित करने की व्यवस्था लागू होने के बाद कक्षा 10वीं के विद्यार्थियों के लिए पहले जैसी सप्लीमेंट्री परीक्षा व्यवस्था में बदलाव किया जा रहा है। मई में होने वाली दूसरी परीक्षा ही विद्यार्थियों को दोबारा परीक्षा देने और प्रदर्शन सुधारने का अवसर उपलब्ध कराएगी।

परीक्षा की तारीखों को लेकर अभी स्थिति साफ नहीं

विद्यार्थियों के लिए सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि अभी फरवरी-मार्च 2027 में होने वाली मुख्य परीक्षा और मई 2027 की दूसरी परीक्षा की केवल अवधि सामने आई है। हिंदी, अंग्रेजी, गणित, विज्ञान और सामाजिक विज्ञान सहित प्रत्येक विषय की परीक्षा किस तारीख को होगी, इसका विस्तृत टाइम टेबल बोर्ड की ओर से बाद में जारी किया जाएगा।

इसलिए विद्यार्थियों को इंटरनेट या सोशल मीडिया पर प्रसारित होने वाली संभावित डेटशीट पर भरोसा करने के बजाय बोर्ड की आधिकारिक घोषणा का इंतजार करना चाहिए।

RBSE 10वीं परीक्षा 2027: एक नजर में

  • पहली परीक्षा: फरवरी-मार्च 2027

  • दूसरी परीक्षा: मई 2027

  • दूसरी परीक्षा का उद्देश्य: अंक सुधार और निर्धारित नियमों के तहत दोबारा परीक्षा का अवसर

  • विषयवार डेटशीट: अभी जारी नहीं

  • नई व्यवस्था: शैक्षणिक सत्र 2026-27 से

विद्यार्थियों को क्या करना चाहिए?

विद्यार्थियों को दोनों संभावित परीक्षा अवसरों को ध्यान में रखते हुए अपनी पढ़ाई की तैयारी करनी चाहिए। पहली परीक्षा को मुख्य अवसर मानकर पूरी मेहनत से तैयारी करना सबसे जरूरी है। यदि किसी कारण से परिणाम उम्मीद के अनुसार नहीं आता है, तो मई में मिलने वाले दूसरे अवसर का उपयोग किया जा सकता है।

नई व्यवस्था से विद्यार्थियों पर एक ही परीक्षा में हर हाल में बेहतर प्रदर्शन करने का दबाव कम होने की उम्मीद है। साथ ही उन्हें अपनी गलतियों को सुधारने और बेहतर परिणाम हासिल करने का अतिरिक्त मौका मिलेगा।



Tuesday, October 6, 2026

NID DAT 2027-28: आवेदन शुरू, 30 नवंबर तक कर सकते हैं आवेदन

नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ डिजाइन (NID) ने शैक्षणिक सत्र 2027-28 के लिए Design Aptitude Test (DAT) के माध्यम से विभिन्न डिजाइन पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। इच्छुक विद्यार्थी 30 नवंबर 2026 तक आवेदन कर सकते हैं।

NID अहमदाबाद में 5.5 वर्षीय Professional Education Master of Design (Integrated Pathway) और 2.5 वर्षीय Master of Design कार्यक्रमों में प्रवेश दिया जाएगा। वहीं NID हरियाणा और मध्य प्रदेश में Integrated Master of Design तथा Master of Design के विभिन्न पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं। NID आंध्र प्रदेश और असम में चार वर्षीय Bachelor of Design पाठ्यक्रम में प्रवेश होगा।

इसके अलावा संस्थान ने Doctor of Philosophy (PhD) in Design 2027 और Post Doctoral Fellowship Programme के लिए भी आवेदन आमंत्रित किए हैं।

अभ्यर्थियों को आवेदन करने से पहले संबंधित पाठ्यक्रम की पात्रता, परीक्षा पैटर्न, पाठ्यक्रम और प्रवेश संबंधी दिशा-निर्देश ध्यानपूर्वक पढ़ने की सलाह दी गई है। NID ने फर्जी वेबसाइटों से सावधान रहने को कहा है।

आवेदन और प्रवेश से जुड़ी आधिकारिक जानकारी NID के आधिकारिक प्रवेश पोर्टल पर उपलब्ध है। आवेदन की अंतिम तिथि 30 नवंबर 2026 है।


Wednesday, September 30, 2026

दिल्ली विश्वविद्यालय के महिला कॉलेजों के आसपास अब सुरक्षा का घेरा होगा मजबूत, छात्राओं की सुरक्षा को लेकर कई बड़े फैसले

दिल्ली विश्वविद्यालय के महिला कॉलेजों में पढ़ने वाली छात्राओं की सुरक्षा को लेकर दिल्ली सरकार और संबंधित विभागों ने कॉलेज परिसरों के साथ-साथ आसपास के इलाकों में भी सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की तैयारी शुरू कर दी है।

उपराज्यपाल सरदार तरनजीत सिंह संधु ने बुधवार को हुई एक उच्चस्तरीय बैठक में अधिकारियों को महिला कॉलेजों के आसपास मौजूद डार्क स्पॉट, खराब स्ट्रीट लाइट, अतिक्रमण, अनियंत्रित ई-रिक्शा और सार्वजनिक स्थानों पर असामाजिक तत्वों से जुड़ी शिकायतों पर जल्द कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

बैठक में दिल्ली विश्वविद्यालय के कुलपति के अलावा मिरांडा हाउस, लेडी श्रीराम कॉलेज, दौलतराम कॉलेज, इंद्रप्रस्थ कॉलेज और गार्गी कॉलेज की प्राचार्याओं सहित दिल्ली पुलिस, PWD, MCD, परिवहन विभाग और दिल्ली मेट्रो के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

हर कॉलेज के लिए तैनात होगा नोडल पुलिस अधिकारी

सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए प्रत्येक महिला कॉलेज के लिए एक समर्पित नोडल पुलिस अधिकारी नियुक्त करने का निर्देश दिया गया है। कॉलेजों और नजदीकी मेट्रो स्टेशनों के आसपास पुलिस की गश्त बढ़ाने के साथ पिकैट जांच और पिंक बूथ की व्यवस्था करने पर भी जोर दिया गया।

डार्क स्पॉट और अतिक्रमण पर होगी कार्रवाई

कॉलेजों के आसपास के अंधेरे इलाकों को खत्म करने और खराब स्ट्रीट लाइट को दुरुस्त करने के लिए PWD और MCD को आवश्यक कदम उठाने को कहा गया है। इसके अलावा अवैध अतिक्रमण, अनधिकृत स्टॉल और शराब की दुकानों से संबंधित समस्याओं पर भी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

सुरक्षित आवागमन पर भी रहेगा फोकस

छात्राओं के लिए लास्ट-माइल कनेक्टिविटी को सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से ई-रिक्शा के लिए तय पिकअप और ड्रॉप पॉइंट बनाए जाएंगे। शाम के समय यू-स्पेशल, शटल और फीडर बसों की सुविधा उपलब्ध कराने पर भी विचार किया गया है।

इसके अलावा छात्राओं की मदद के लिए एक ऐसा सुरक्षा ऐप विकसित करने की योजना है, जिसमें इमरजेंसी अलर्ट और GPS के जरिए लोकेशन शेयर करने की सुविधा होगी। उत्तर और दक्षिण परिसर के लिए अंतर-कॉलेज महिला सुरक्षा समितियां भी गठित की जाएंगी।

अधिकारियों को इन सभी फैसलों पर हुई कार्रवाई की प्रगति की समीक्षा हर 15 दिन में करने के निर्देश दिए गए हैं।



Tuesday, September 29, 2026

DU SOL में दाखिले के लिए आवेदन की अंतिम तिथि 30 सितंबर, विद्यार्थियों के पास अब सीमित समय

दिल्ली विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ ओपन लर्निंग (DU SOL) में शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए दाखिले की प्रक्रिया जारी है। विभिन्न स्नातक एवं स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों में प्रवेश लेने के इच्छुक विद्यार्थियों के लिए आवेदन करने की अंतिम तिथि 30 सितंबर 2026 निर्धारित की गई है। ऐसे में जिन विद्यार्थियों ने अभी तक दाखिले के लिए आवेदन नहीं किया है, उनके पास आवेदन प्रक्रिया पूरी करने के लिए अब सीमित समय बचा है।

DU SOL के माध्यम से विद्यार्थी नियमित कॉलेज में उपस्थित हुए बिना दूरस्थ एवं ऑनलाइन माध्यम से अपनी उच्च शिक्षा जारी रख सकते हैं। यहां विद्यार्थियों के लिए विभिन्न विषयों और पाठ्यक्रमों में अध्ययन के विकल्प उपलब्ध हैं। बड़ी संख्या में विद्यार्थी हर वर्ष DU SOL के विभिन्न पाठ्यक्रमों में दाखिला लेते हैं।

अंतिम तिथि से पहले पूरा करें आवेदन

विद्यार्थियों को सलाह दी गई है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार किए बिना जल्द से जल्द अपना ऑनलाइन आवेदन पूरा कर लें। आवेदन करते समय विद्यार्थियों को व्यक्तिगत जानकारी, शैक्षणिक योग्यता और अन्य आवश्यक विवरण सावधानीपूर्वक भरने होंगे। इसके साथ ही निर्धारित दस्तावेज अपलोड करने और आवेदन शुल्क जमा करने की प्रक्रिया भी पूरी करनी होगी।

आवेदन फॉर्म जमा करने से पहले विद्यार्थियों को अपने द्वारा दर्ज की गई सभी जानकारियों की अच्छी तरह जांच कर लेनी चाहिए। किसी प्रकार की गलत जानकारी या अधूरा आवेदन आगे की प्रवेश प्रक्रिया में परेशानी का कारण बन सकता है।

वेबसाइट पर मिलेगी प्रवेश से जुड़ी जानकारी

DU SOL में दाखिले से संबंधित पाठ्यक्रम, पात्रता, आवेदन प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेज, शुल्क और अन्य दिशा-निर्देशों की जानकारी विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध है। विद्यार्थी आवेदन करने से पहले संबंधित पाठ्यक्रम की पात्रता और अन्य शर्तों को ध्यान से पढ़ लें।

विश्वविद्यालय की ओर से निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 30 सितंबर 2026 आवेदन की अंतिम तिथि है। विद्यार्थियों को अंतिम समय में तकनीकी समस्या या वेबसाइट पर अधिक ट्रैफिक जैसी परेशानियों से बचने के लिए समय रहते आवेदन प्रक्रिया पूरी करने की सलाह दी जाती है।

दाखिले से जुड़ी किसी भी नई सूचना या बदलाव के लिए विद्यार्थियों को DU SOL की आधिकारिक वेबसाइट और विश्वविद्यालय द्वारा जारी नोटिस पर नजर बनाए रखनी चाहिए।

अधिक जानकारी के लिए: DU SOL की आधिकारिक वेबसाइट https://sol.du.ac.in/ पर जाकर विद्यार्थी प्रवेश प्रक्रिया, पाठ्यक्रम, पात्रता और अन्य जरूरी दिशा-निर्देशों की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।



Monday, September 28, 2026

CBSE Board Exam 2027: 10वीं-12वीं के सैंपल पेपर जारी, परीक्षा पैटर्न समझने में मिलेगी मदद

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने आगामी बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए शैक्षणिक सत्र 2026-27 के सैंपल क्वेश्चन पेपर जारी कर दिए हैं। कक्षा 10वीं और 12वीं के विद्यार्थियों के लिए अलग-अलग विषयों के सैंपल पेपर के साथ मार्किंग स्कीम भी उपलब्ध कराई गई है। विद्यार्थी इनका इस्तेमाल बोर्ड परीक्षा के प्रश्नपत्र के स्वरूप को समझने और अपनी तैयारी को बेहतर बनाने के लिए कर सकते हैं।

सीबीएसई की ओर से जारी सैंपल पेपर बोर्ड परीक्षा की तैयारी के लिहाज से महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं। इनके जरिए विद्यार्थियों को यह समझने में मदद मिलेगी कि संबंधित विषय में किस तरह के प्रश्न पूछे जा सकते हैं, प्रश्नों का विभाजन किस प्रकार हो सकता है और उत्तर लिखते समय किन बिंदुओं पर ध्यान देना जरूरी है।

परीक्षा से पहले पैटर्न समझने का मौका

बोर्ड परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन के लिए विषय की पढ़ाई के साथ प्रश्नपत्र के प्रारूप को समझना भी जरूरी है। सीबीएसई के सैंपल पेपर विद्यार्थियों को इसी दिशा में अभ्यास का अवसर देते हैं।

सैंपल पेपर हल करते समय छात्र प्रश्नों की प्रकृति, कठिनाई के स्तर, अलग-अलग प्रकार के प्रश्नों और प्रत्येक प्रश्न के लिए निर्धारित अंकों पर ध्यान दे सकते हैं। इससे परीक्षा हॉल में समय का सही इस्तेमाल करने की रणनीति बनाने में भी मदद मिलेगी।

मार्किंग स्कीम से समझें उत्तर लिखने का तरीका

सैंपल क्वेश्चन पेपर के साथ मार्किंग स्कीम जारी होने से विद्यार्थियों को उत्तरों के मूल्यांकन की प्रक्रिया समझने में मदद मिलेगी। छात्र पेपर हल करने के बाद मार्किंग स्कीम के आधार पर अपने उत्तरों की जांच कर सकते हैं।

इससे यह पता लगाया जा सकता है कि किसी उत्तर में किन प्रमुख तथ्यों या बिंदुओं को शामिल करना जरूरी है। खासकर विस्तृत उत्तर वाले प्रश्नों में मार्किंग स्कीम का अध्ययन विद्यार्थियों को उत्तर की संरचना बेहतर करने में मदद कर सकता है।

कक्षा 10वीं के छात्रों के लिए उपयोगी सामग्री

कक्षा 10वीं के विद्यार्थियों के लिए विभिन्न प्रमुख विषयों के सैंपल पेपर उपलब्ध कराए गए हैं। इनमें गणित, विज्ञान, सामाजिक विज्ञान, अंग्रेजी, हिंदी और अन्य विषय शामिल हैं।

विद्यार्थी अपने विषय के सैंपल पेपर को पहले निर्धारित समय में हल कर सकते हैं। इसके बाद मार्किंग स्कीम की मदद से अपनी गलतियों की पहचान करना तैयारी को मजबूत करने का एक उपयोगी तरीका हो सकता है।

12वीं के विद्यार्थियों को भी मिलेगा फायदा

कक्षा 12वीं के विद्यार्थियों के लिए भी अलग-अलग स्ट्रीम और विषयों से संबंधित सैंपल पेपर जारी किए गए हैं। विज्ञान, वाणिज्य और मानविकी वर्ग के विद्यार्थी अपने विषयों के अनुसार इनका अभ्यास कर सकते हैं।

फिजिक्स, केमिस्ट्री, बायोलॉजी, गणित, अकाउंटेंसी, बिजनेस स्टडीज, इकोनॉमिक्स, इतिहास, भूगोल, राजनीति विज्ञान, मनोविज्ञान और अन्य विषयों के विद्यार्थियों के लिए सैंपल पेपर परीक्षा की तैयारी को दिशा देने में उपयोगी हो सकते हैं।

ऐसे करें सैंपल पेपर से तैयारी

विद्यार्थियों को सैंपल पेपर को केवल पढ़ने के बजाय उसे वास्तविक परीक्षा की तरह हल करना चाहिए। इसके लिए कुछ बातों का ध्यान रखा जा सकता है—

  • पेपर को निर्धारित समय सीमा के भीतर हल करें।

  • शुरुआत में बिना किताब या नोट्स की मदद लिए प्रश्नों के उत्तर दें।

  • पेपर पूरा होने के बाद मार्किंग स्कीम से उत्तरों की जांच करें।

  • जिन प्रश्नों में गलती हुई है, उनसे जुड़े अध्याय को दोबारा पढ़ें।

  • बार-बार गलत होने वाले प्रश्नों और टॉपिक की अलग सूची बनाएं।

  • उत्तर लिखने की गति और प्रस्तुति पर भी ध्यान दें।

  • परीक्षा के नजदीक अलग-अलग सैंपल पेपर समयबद्ध तरीके से हल करें।

आधिकारिक वेबसाइट से ही डाउनलोड करें

विद्यार्थियों को सैंपल पेपर डाउनलोड करने के लिए सीबीएसई की आधिकारिक वेबसाइट का इस्तेमाल करना चाहिए। सोशल मीडिया या अन्य अनधिकृत प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध सामग्री को परीक्षा का आधिकारिक पेपर मानकर तैयारी नहीं करनी चाहिए।

सीबीएसई की अकादमिक वेबसाइट पर कक्षा 10वीं और 12वीं के लिए विषयवार सैंपल क्वेश्चन पेपर और मार्किंग स्कीम उपलब्ध कराई गई है।

छात्रों के लिए क्या है सबसे जरूरी?

सैंपल पेपर को बोर्ड परीक्षा का वास्तविक प्रश्नपत्र नहीं समझना चाहिए। इसका मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को प्रश्नपत्र के संभावित प्रारूप और प्रश्नों की शैली से परिचित कराना है। इसलिए छात्रों को सैंपल पेपर के आधार पर पूरे पाठ्यक्रम की तैयारी करनी चाहिए और केवल संभावित प्रश्नों पर निर्भर नहीं रहना चाहिए।

बोर्ड परीक्षा की तैयारी के दौरान पाठ्यक्रम की नियमित पढ़ाई, लिखित अभ्यास, पुराने प्रश्नपत्रों का अभ्यास और समय प्रबंधन पर ध्यान देना विद्यार्थियों के लिए महत्वपूर्ण रहेगा।

सीबीएसई की ओर से सैंपल पेपर और मार्किंग स्कीम उपलब्ध कराए जाने के बाद विद्यार्थियों के पास परीक्षा से पहले अपनी तैयारी को परखने और कमजोर हिस्सों में सुधार करने का एक और आधिकारिक संसाधन उपलब्ध हो गया है।



Thursday, September 24, 2026

CLAT 2027 Registration: 31 अक्टूबर तक आवेदन, 6 दिसंबर को होगी परीक्षा

देश के प्रमुख लॉ संस्थानों में दाखिले की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए महत्वपूर्ण खबर है। कॉमन लॉ एडमिशन टेस्ट यानी CLAT 2027 के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। Consortium of National Law Universities (CNLU) की ओर से जारी कार्यक्रम के अनुसार, उम्मीदवार 31 अक्टूबर 2026 रात 11:59 बजे तक CLAT 2027 के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। परीक्षा 6 दिसंबर 2026 को आयोजित की जाएगी।

CLAT देश की प्रमुख राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालयों में प्रवेश के लिए आयोजित होने वाली महत्वपूर्ण प्रवेश परीक्षा है। इसके माध्यम से अंडरग्रेजुएट स्तर पर पांच वर्षीय इंटीग्रेटेड LL.B. कार्यक्रम और पोस्टग्रेजुएट स्तर पर LL.M. कार्यक्रमों में प्रवेश दिया जाता है। CLAT 2027 के माध्यम से होने वाले दाखिले शैक्षणिक सत्र 2027-28 के लिए होंगे।

3 अगस्त से शुरू हुआ आवेदन

CLAT 2027 के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया 3 अगस्त 2026 से शुरू की गई। इच्छुक उम्मीदवारों को Consortium की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन के दौरान उम्मीदवारों को व्यक्तिगत जानकारी, शैक्षणिक योग्यता और अन्य आवश्यक विवरण दर्ज करने होंगे। इसके साथ ही निर्धारित आवेदन शुल्क का भुगतान भी ऑनलाइन माध्यम से करना होगा।

उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि आवेदन फॉर्म भरने से पहले आधिकारिक सूचना और पात्रता संबंधी सभी निर्देशों को ध्यान से पढ़ लें। फॉर्म में दर्ज जानकारी को अंतिम रूप से जमा करने से पहले अच्छी तरह जांच लेना जरूरी है, क्योंकि गलत या अधूरी जानकारी के कारण आवेदन से जुड़ी परेशानी हो सकती है।

31 अक्टूबर है आवेदन की अंतिम तारीख

CLAT 2027 के लिए आवेदन करने की अंतिम तारीख 31 अक्टूबर 2026 रात 11:59 बजे निर्धारित की गई है। यानी उम्मीदवारों के पास आवेदन पूरा करने के लिए अक्टूबर के अंत तक का समय है। अंतिम समय में वेबसाइट पर तकनीकी समस्या या अधिक ट्रैफिक जैसी स्थिति से बचने के लिए अभ्यर्थियों को समय रहते आवेदन पूरा करने की सलाह दी जाती है।

आवेदन जमा करने के बाद उम्मीदवारों को अपने आवेदन की पुष्टि और भुगतान संबंधी विवरण सुरक्षित रखना चाहिए। आगे की प्रक्रिया के दौरान इन्हीं विवरणों की जरूरत पड़ सकती है।

6 दिसंबर को होगी CLAT 2027 परीक्षा

CLAT 2027 की परीक्षा 6 दिसंबर 2026, रविवार को आयोजित की जाएगी। परीक्षा का निर्धारित समय दोपहर 2 बजे से शाम 4 बजे तक है। परीक्षा ऑफलाइन यानी पेन-पेपर मोड में आयोजित की जाएगी। पात्र PwD उम्मीदवारों के लिए अतिरिक्त समय का प्रावधान किया गया है और उनके लिए परीक्षा का समय दोपहर 2 बजे से शाम 4:40 बजे तक निर्धारित है।

परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड अलग से जारी किया जाएगा। उसमें परीक्षा केंद्र, रिपोर्टिंग समय और परीक्षा से जुड़े अन्य आवश्यक निर्देशों की जानकारी दी जाएगी। उम्मीदवारों को परीक्षा केंद्र पर जाने से पहले एडमिट कार्ड में दिए गए सभी निर्देशों को ध्यान से पढ़ना होगा।

किन पाठ्यक्रमों में मिलेगा प्रवेश?

CLAT 2027 मुख्य रूप से दो स्तरों के लॉ प्रोग्राम में प्रवेश के लिए आयोजित किया जाएगा। अंडरग्रेजुएट स्तर पर उम्मीदवार पांच वर्षीय इंटीग्रेटेड LL.B. कार्यक्रमों में प्रवेश के लिए परीक्षा देंगे। वहीं लॉ में स्नातकोत्तर स्तर की पढ़ाई करने वाले उम्मीदवार LL.M. कार्यक्रमों में दाखिले के लिए CLAT-PG में शामिल हो सकते हैं।

इन कार्यक्रमों में प्रवेश के लिए संबंधित उम्मीदवारों को अपने स्तर के अनुसार पात्रता मानदंड पूरा करना होगा। UG और PG कार्यक्रमों की पात्रता अलग-अलग हो सकती है, इसलिए आवेदन करने से पहले उम्मीदवारों को आधिकारिक निर्देशों की जांच करनी चाहिए।

परीक्षा की तैयारी में इन विषयों पर दें ध्यान

CLAT की तैयारी कर रहे उम्मीदवारों के लिए नियमित अभ्यास महत्वपूर्ण है। परीक्षा की तैयारी करते समय अभ्यर्थियों को अपनी तैयारी को अलग-अलग सेक्शन में बांटकर पढ़ाई करनी चाहिए। सामान्य तौर पर CLAT UG की तैयारी में English Language, Current Affairs including General Knowledge, Legal Reasoning, Logical Reasoning और Quantitative Techniques जैसे क्षेत्रों पर ध्यान देना होता है।

करेंट अफेयर्स की तैयारी के लिए उम्मीदवारों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम, महत्वपूर्ण सरकारी नीतियों, कानून एवं न्याय व्यवस्था से जुड़ी खबरों तथा प्रमुख सामाजिक-आर्थिक घटनाओं पर नजर रखनी चाहिए। वहीं लीगल रीजनिंग की तैयारी में कानूनी सिद्धांतों को समझने और दिए गए तथ्यों पर उनका प्रयोग करने का अभ्यास उपयोगी हो सकता है।

लॉ प्रवेश परीक्षा की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए मॉक टेस्ट और पिछले प्रश्नपत्रों का अभ्यास भी महत्वपूर्ण है। इससे उम्मीदवारों को प्रश्नों के स्वरूप को समझने, समय प्रबंधन करने और अपनी तैयारी का आकलन करने में मदद मिल सकती है।

आवेदन से पहले इन बातों का रखें ध्यान

ऑनलाइन आवेदन करते समय उम्मीदवारों को अपना नाम, जन्मतिथि, शैक्षणिक विवरण और अन्य जानकारी दस्तावेजों के अनुसार ही भरनी चाहिए। आवश्यक दस्तावेजों की स्कैन कॉपी निर्धारित प्रारूप और आकार में तैयार रखना भी उपयोगी रहेगा।

उम्मीदवारों को आवेदन शुल्क का भुगतान करने के बाद उसकी रसीद या ट्रांजेक्शन विवरण संभालकर रखना चाहिए। साथ ही आवेदन फॉर्म का अंतिम रूप से जमा किया गया प्रिंट या डिजिटल कॉपी भी भविष्य के लिए सुरक्षित रखना चाहिए।

CLAT से संबंधित तारीखों, एडमिट कार्ड, परीक्षा केंद्र, परीक्षा संबंधी निर्देश और परिणाम से जुड़ी जानकारी के लिए उम्मीदवारों को केवल Consortium of National Law Universities की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी सूचनाओं को प्राथमिकता देनी चाहिए।

CLAT 2027 की महत्वपूर्ण तारीखें

  • आवेदन प्रक्रिया शुरू: 3 अगस्त 2026

  • आवेदन की अंतिम तारीख: 31 अक्टूबर 2026, रात 11:59 बजे

  • CLAT 2027 परीक्षा: 6 दिसंबर 2026

  • परीक्षा का समय: दोपहर 2 बजे से शाम 4 बजे तक

  • PwD उम्मीदवारों के लिए समय: दोपहर 2 बजे से शाम 4:40 बजे तक

  • परीक्षा का माध्यम: ऑफलाइन, पेन-पेपर मोड

  • दाखिला सत्र: 2027-28

इस तरह CLAT 2027 की तैयारी कर रहे उम्मीदवारों के लिए फिलहाल सबसे महत्वपूर्ण तारीख 31 अक्टूबर 2026 है, क्योंकि इसी दिन आवेदन प्रक्रिया समाप्त होगी। इसके बाद 6 दिसंबर 2026 को परीक्षा आयोजित की जाएगी। उम्मीदवार आवेदन की अंतिम तारीख का इंतजार करने के बजाय समय रहते रजिस्ट्रेशन पूरा करें और परीक्षा की तैयारी के लिए पर्याप्त समय निर्धारित करें।



Friday, August 7, 2026

CBSE 10वीं दूसरी बोर्ड परीक्षा: स्कैन कॉपी, सत्यापन और पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन शुरू, जानें तारीख और नई फीस

   केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने कक्षा 10वीं की दूसरी बोर्ड परीक्षा 2025-26 के परिणाम जारी होने के बाद विद्यार्थियों के लिए पोस्ट रिजल्ट सुविधाओं की शुरुआत कर दी है। अब जिन छात्रों को अपने प्राप्त अंकों को लेकर कोई संदेह है, वे निर्धारित समय के भीतर अपनी उत्तरपुस्तिका की स्कैन कॉपी प्राप्त करने, अंकों का सत्यापन कराने और जरूरत पड़ने पर पुनर्मूल्यांकन के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। बोर्ड ने इस पूरी प्रक्रिया का विस्तृत कार्यक्रम जारी करते हुए छात्रों से समय-सीमा का पालन करने की अपील की है।

सीबीएसई का कहना है कि पोस्ट रिजल्ट प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से छात्रों को पहले अपनी मूल्यांकित उत्तरपुस्तिका देखने का अवसर दिया जा रहा है। इससे विद्यार्थी यह समझ सकेंगे कि उनके उत्तरों का मूल्यांकन किस प्रकार किया गया है और यदि किसी प्रकार की त्रुटि नजर आती है, तभी वे आगे सत्यापन या पुनर्मूल्यांकन की प्रक्रिया अपना सकते हैं।

यह रहेगा पूरा शेड्यूल

सीबीएसई के अनुसार उत्तरपुस्तिका की स्कैन कॉपी प्राप्त करने के लिए 5 अगस्त से 9 अगस्त 2026 तक ऑनलाइन आवेदन किए जा सकेंगे। इसके बाद 16 अगस्त से 19 अगस्त 2026 तक अंकों के सत्यापन, पुनर्मूल्यांकन या दोनों सुविधाओं के लिए आवेदन का अवसर मिलेगा। सभी आवेदन केवल ऑनलाइन माध्यम से स्वीकार किए जाएंगे।

कितनी होगी फीस

बोर्ड द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार विभिन्न सेवाओं के लिए अलग-अलग शुल्क निर्धारित किए गए हैं।

  • उत्तरपुस्तिका की स्कैन कॉपी: ₹300 प्रति विषय
  • अंकों का सत्यापन (Verification of Marks): ₹300 प्रति उत्तरपुस्तिका
  • पुनर्मूल्यांकन (Re-evaluation): ₹100 प्रति प्रश्न (संबंधित प्रश्न के सभी उप-प्रश्नों सहित)

आवेदन शुल्क का भुगतान केवल ऑनलाइन माध्यम से ही किया जा सकेगा।

पहले स्कैन कॉपी लेना क्यों जरूरी है?

सीबीएसई ने इस बार भी चरणबद्ध प्रक्रिया लागू की है। सबसे पहले छात्र अपनी उत्तरपुस्तिका की स्कैन कॉपी प्राप्त करेंगे। इससे वे देख सकेंगे कि सभी उत्तरों की जांच हुई है या नहीं, अंक सही तरीके से दिए गए हैं या नहीं और कहीं जोड़ में कोई गलती तो नहीं हुई है। यदि उत्तरपुस्तिका देखने के बाद किसी प्रकार की त्रुटि महसूस होती है, तभी विद्यार्थी आगे सत्यापन या पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन कर सकते हैं।

सत्यापन में क्या होता है?

सत्यापन प्रक्रिया के दौरान बोर्ड यह जांच करता है कि उत्तरपुस्तिका के सभी प्रश्नों का मूल्यांकन किया गया है या नहीं। इसके अलावा प्रत्येक प्रश्न के अंक सही तरीके से जोड़े गए हैं या नहीं तथा अंतिम अंक परिणाम में सही दर्ज किए गए हैं या नहीं, इसकी भी पुष्टि की जाती है। यदि किसी प्रकार की तकनीकी या गणना संबंधी गलती मिलती है तो उसे सुधार दिया जाता है।

पुनर्मूल्यांकन कब कराएं?

यदि छात्र को लगता है कि किसी उत्तर का मूल्यांकन सही तरीके से नहीं हुआ है या अपेक्षित अंक नहीं दिए गए हैं, तो वह पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन कर सकता है। इस प्रक्रिया में केवल उन्हीं प्रश्नों की दोबारा जांच की जाती है जिनका चयन विद्यार्थी आवेदन करते समय करता है।

बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि पुनर्मूल्यांकन के बाद अंक बढ़ भी सकते हैं, कम भी हो सकते हैं या पहले जैसे ही बने रह सकते हैं। इसलिए आवेदन करने से पहले उत्तरपुस्तिका का सावधानीपूर्वक अध्ययन करना आवश्यक है।

आवेदन करते समय रखें इन बातों का ध्यान

विद्यार्थियों को आवेदन के दौरान रोल नंबर, स्कूल नंबर और अन्य आवश्यक जानकारी सही-सही भरनी होगी। आवेदन पूरा होने के बाद उसकी रसीद डाउनलोड कर सुरक्षित रखनी चाहिए। बोर्ड ने यह भी स्पष्ट किया है कि निर्धारित अंतिम तिथि के बाद किसी भी प्रकार का आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा।

छात्रों के लिए उपयोगी सलाह

शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि केवल अपेक्षा से कम अंक आने के कारण पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन नहीं करना चाहिए। पहले उत्तरपुस्तिका की स्कैन कॉपी देखकर यह सुनिश्चित करें कि वास्तव में मूल्यांकन या अंकों के जोड़ में कोई त्रुटि है या नहीं। यदि गलती दिखाई देती है, तभी आगे की प्रक्रिया अपनाना उचित रहेगा।

सीबीएसई ने विद्यार्थियों से आधिकारिक पोर्टल के माध्यम से ही आवेदन करने और किसी भी अनधिकृत वेबसाइट या भ्रामक जानकारी से बचने की सलाह दी है। समय-सीमा के भीतर आवेदन करने पर ही छात्र इन सुविधाओं का लाभ उठा सकेंगे।

पूरी जानकारी, विस्तृत दिशा-निर्देश और आवेदन प्रक्रिया के लिए सीबीएसई द्वारा जारी आधिकारिक अधिसूचना देखें:
https://www.cbse.gov.in/cbsenew/documents/Post_Result_declaration_Facilities_Class_X_05082026.pdf








Thursday, August 6, 2026

दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए एक वर्षीय स्नातकोत्तर (पीजी) पाठ्यक्रमों में प्रवेश प्रक्रिया का पहला चरण शुरू कर दिया है। विश्वविद्यालय ने पहले दौर का सीट आवंटन जारी कर दिया है और जिन अभ्यर्थियों को सीट आवंटित हुई है, वे 6 अगस्त 2026 की रात 11:59 बजे तक अपनी सीट स्वीकार कर सकते हैं। इसके लिए अभ्यर्थियों को विश्वविद्यालय के आधिकारिक डीयू पीजी एडमिशन पोर्टल पर लॉगिन कर निर्धारित प्रक्रिया पूरी करनी होगी

दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए एक वर्षीय स्नातकोत्तर (पीजी) पाठ्यक्रमों में प्रवेश प्रक्रिया का पहला चरण शुरू कर दिया है। विश्वविद्यालय ने पहले दौर का सीट आवंटन जारी कर दिया है और जिन अभ्यर्थियों को सीट आवंटित हुई है, वे 6 अगस्त 2026 की रात 11:59 बजे तक अपनी सीट स्वीकार कर सकते हैं। इसके लिए अभ्यर्थियों को विश्वविद्यालय के आधिकारिक डीयू पीजी एडमिशन पोर्टल पर लॉगिन कर निर्धारित प्रक्रिया पूरी करनी होगी। यह पहली बार है जब राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 के तहत शुरू किए गए एक वर्षीय पीजी कार्यक्रमों के लिए नियमित रूप से सीट आवंटन की प्रक्रिया संचालित की जा रही है।

विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, एक वर्षीय पीजी पाठ्यक्रम उन विद्यार्थियों के लिए तैयार किए गए हैं जिन्होंने चार वर्षीय स्नातक कार्यक्रम (एफवाईयूपी) या उसके समकक्ष योग्यता पूरी की है। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य विद्यार्थियों को कम समय में गुणवत्तापूर्ण स्नातकोत्तर शिक्षा उपलब्ध कराना और उन्हें शोध, उच्च शिक्षा तथा रोजगार के लिए बेहतर अवसर प्रदान करना है। डीयू ने इस नई व्यवस्था को राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप लागू किया है, जिससे उच्च शिक्षा प्रणाली को अधिक लचीला और आधुनिक बनाया जा सके।

पहले चरण के सीट आवंटन के बाद अभ्यर्थियों को निर्धारित समय के भीतर अपनी सीट स्वीकार करना अनिवार्य होगा। यदि कोई छात्र तय समय सीमा तक सीट स्वीकार नहीं करता है, तो उसकी आवंटित सीट स्वतः निरस्त मानी जा सकती है और उसे अगले पात्र अभ्यर्थी को आवंटित कर दिया जाएगा। इसलिए विश्वविद्यालय ने सभी विद्यार्थियों को समय-सीमा का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी है।

सीट स्वीकार करने के बाद संबंधित विभाग या संकाय द्वारा अभ्यर्थियों के दस्तावेजों का ऑनलाइन सत्यापन किया जाएगा। सत्यापन सफल होने पर विद्यार्थियों को प्रवेश शुल्क जमा करने का अवसर मिलेगा। निर्धारित समय में शुल्क जमा करने के बाद ही प्रवेश प्रक्रिया पूर्ण मानी जाएगी। यदि किसी छात्र द्वारा शुल्क समय पर जमा नहीं किया जाता है, तो उसका प्रवेश रद्द किया जा सकता है।

विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया है कि प्रवेश प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन है और सभी चरण आधिकारिक पोर्टल के माध्यम से ही संपन्न होंगे। अभ्यर्थियों को सलाह दी गई है कि वे किसी भी अनधिकृत वेबसाइट या सोशल मीडिया पर प्रसारित भ्रामक सूचनाओं पर विश्वास न करें तथा केवल विश्वविद्यालय द्वारा जारी आधिकारिक दिशा-निर्देशों का ही पालन करें।

एक वर्षीय पीजी कार्यक्रमों में विभिन्न संकायों के अनेक विषय शामिल किए गए हैं। इनमें कला, सामाजिक विज्ञान, विज्ञान, वाणिज्य तथा अन्य विषयों के पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य विद्यार्थियों को कम अवधि में उन्नत स्तर की शिक्षा प्रदान करना है ताकि वे शोध, प्रतियोगी परीक्षाओं, शिक्षण तथा उद्योग जगत में बेहतर अवसर प्राप्त कर सकें।

शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि एक वर्षीय पीजी पाठ्यक्रम उच्च शिक्षा में बड़ा बदलाव साबित हो सकते हैं। इससे उन विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा जिन्होंने चार वर्षीय स्नातक कार्यक्रम पूरा किया है और वे कम समय में स्नातकोत्तर डिग्री प्राप्त करना चाहते हैं। इससे छात्रों का एक वर्ष बचेगा और वे जल्दी शोध, पीएचडी, रोजगार या अन्य पेशेवर क्षेत्रों में आगे बढ़ सकेंगे।

डीयू प्रशासन ने सभी आवेदकों से कहा है कि वे अपने लॉगिन पोर्टल पर नियमित रूप से अपडेट देखते रहें। यदि किसी छात्र को पहले दौर में सीट नहीं मिली है, तो वह आगामी आवंटन चरणों का इंतजार कर सकता है। विश्वविद्यालय आवश्यकता के अनुसार अगले चरणों की सीट आवंटन सूची भी जारी करेगा, जिसमें रिक्त सीटों के आधार पर नए आवंटन किए जाएंगे।

प्रवेश प्रक्रिया के दौरान विद्यार्थियों को अपने सभी आवश्यक दस्तावेज, जैसे स्नातक की अंकतालिका, डिग्री प्रमाणपत्र, पहचान पत्र, श्रेणी प्रमाणपत्र (यदि लागू हो) तथा अन्य आवश्यक दस्तावेज तैयार रखने की सलाह दी गई है। किसी भी दस्तावेज में त्रुटि या अधूरी जानकारी मिलने पर प्रवेश प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है।

विश्वविद्यालय का कहना है कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत शुरू किए गए ये एक वर्षीय पीजी कार्यक्रम भारतीय उच्च शिक्षा प्रणाली को वैश्विक मानकों के अनुरूप बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। इन कार्यक्रमों से विद्यार्थियों को आधुनिक पाठ्यक्रम, शोध के बेहतर अवसर और रोजगारोन्मुखी शिक्षा प्राप्त होगी।

डीयू में प्रवेश पाने के इच्छुक विद्यार्थियों के लिए यह महत्वपूर्ण चरण है। जिन अभ्यर्थियों को पहले दौर में सीट आवंटित हुई है, उन्हें 6 अगस्त 2026 की रात 11:59 बजे तक सीट स्वीकार करने की प्रक्रिया पूरी करनी होगी। इसके बाद दस्तावेज सत्यापन और शुल्क भुगतान के चरण पूरे किए जाएंगे। विश्वविद्यालय ने सभी छात्रों से समय-सीमा का पालन करने और प्रवेश से जुड़ी प्रत्येक सूचना के लिए नियमित रूप से डीयू पीजी एडमिशन पोर्टल पर नजर बनाए रखने की अपील की है।


Wednesday, August 5, 2026

GGSIPU स्पॉट राउंड–I काउंसलिंग 2026: 4 अगस्त से शुरू हुई प्रक्रिया, 6 अगस्त को सीट आवंटन, अलग-अलग पाठ्यक्रमों के लिए 11 और 14 अगस्त को होगी अनिवार्य फिजिकल रिपोर्टिंग

गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ विश्वविद्यालय (GGSIPU) ने शैक्षणिक सत्र 2026–27 के लिए स्पॉट राउंड–I काउंसलिंग की प्रक्रिया से संबंधित विस्तृत कार्यक्रम जारी कर दिया है। विश्वविद्यालय द्वारा जारी अधिसूचना में ऑनलाइन प्रक्रिया, फीस भुगतान, सीट आवंटन, स्लाइडिंग राउंड और आवंटित कॉलेज में अनिवार्य फिजिकल रिपोर्टिंग की पूरी जानकारी दी गई है।

विश्वविद्यालय के अनुसार स्पॉट राउंड में भाग लेने वाले अभ्यर्थियों के लिए ऑनलाइन प्रक्रिया निर्धारित समय के अनुसार आयोजित की गई। सीट आवंटन के बाद अभ्यर्थियों को प्रवेश प्रक्रिया पूरी करने के लिए आवश्यक शुल्क जमा करना और निर्धारित समय पर अपने आवंटित संस्थान में रिपोर्ट करना अनिवार्य होगा।

सीट आवंटन के बाद फीस भुगतान और अन्य प्रक्रिया

विश्वविद्यालय की अधिसूचना के अनुसार सीट आवंटन होने के बाद अभ्यर्थियों को Part Academic Fee जमा करनी होगी।

  • B.Tech एवं अन्य संबंधित कार्यक्रमों के लिए Part Academic Fee: ₹96,000/-
  • B.Ed कार्यक्रम के लिए Part Academic Fee: ₹60,000/-

फीस का भुगतान केवल NET Banking / Credit Card / Debit Card के माध्यम से किया जा सकेगा। फीस जमा करना आवश्यक है, तभी अभ्यर्थी आगे की ऑनलाइन काउंसलिंग प्रक्रिया के लिए पात्र होंगे।

सीट आवंटन परिणाम घोषित होने के बाद अभ्यर्थियों को:

  • फीस भुगतान,
  • Willingness (FLOAT/FREEZE) जमा करना,
  • Provisional Seat Allotment Letter डाउनलोड करना

जैसी प्रक्रियाएँ पूरी करनी होंगी।

महत्वपूर्ण तिथियाँ और समय

स्पॉट राउंड–I कार्यक्रम

ऑनलाइन प्रक्रिया

  • स्पॉट राउंड प्रक्रिया शुरू: 4 अगस्त 2026
  • सीट आवंटन परिणाम घोषित: 6 अगस्त 2026

सीट आवंटन के बाद

अभ्यर्थियों को सीट आवंटन के बाद फीस भुगतान और अन्य आवश्यक प्रक्रिया पूरी करनी होगी।

  • अंतिम तिथि: 12 अगस्त 2026
  • समय: रात्रि 11:59 बजे तक

इस अवधि में अभ्यर्थी:

  • Part Academic Fee जमा कर सकते हैं।
  • FLOAT/FREEZE विकल्प भर सकते हैं।
  • Provisional Seat Allotment Letter डाउनलोड कर सकते हैं।
  • आवश्यकता होने पर प्रवेश वापस लेने (Withdrawal) की प्रक्रिया कर सकते हैं।

स्लाइडिंग राउंड की जानकारी

विश्वविद्यालय ने स्पॉट राउंड के बाद स्लाइडिंग राउंड का भी प्रावधान रखा है।

  • BCA / BBA / B.Tech / B.Com (H) / LE B.Tech के लिए Sliding Round Result:
    10 अगस्त 2026
  • LLM / B.Ed / BA Economics / BA English / LLB आदि कार्यक्रमों के लिए Sliding Round Result:
    13 अगस्त 2026

स्लाइडिंग राउंड में केवल वही अभ्यर्थी भाग ले सकेंगे जिन्होंने स्पॉट राउंड के नियमों के अनुसार सीट प्राप्त की है और आवश्यक शर्तें पूरी की हैं।

कॉलेज में अनिवार्य फिजिकल रिपोर्टिंग

सीट आवंटन के बाद अभ्यर्थियों को अपने आवंटित कॉलेज/संस्थान में अनिवार्य रूप से रिपोर्ट करना होगा। विश्वविद्यालय ने अलग-अलग पाठ्यक्रमों के लिए अलग-अलग रिपोर्टिंग तिथि निर्धारित की है।

11 अगस्त 2026 को रिपोर्टिंग

निम्न पाठ्यक्रमों के अभ्यर्थियों को:

  • BCA
  • BBA
  • B.Tech
  • B.Com (H)
  • LE B.Tech

के लिए 11 अगस्त 2026 को:

समय: सुबह 11:00 बजे से शाम 6:00 बजे तक

आवंटित कॉलेज/संस्थान में Mandatory Reporting करनी होगी।

14 अगस्त 2026 को रिपोर्टिंग

निम्न पाठ्यक्रमों के अभ्यर्थियों को:

  • LLM
  • B.Ed
  • BA Economics
  • LLB

के लिए 14 अगस्त 2026 को:

समय: सुबह 11:00 बजे से शाम 6:00 बजे तक

आवंटित कॉलेज/संस्थान में अनिवार्य रूप से रिपोर्ट करना होगा।

रिपोर्टिंग के समय आवश्यक दस्तावेज

फिजिकल रिपोर्टिंग के दौरान अभ्यर्थियों को निम्न दस्तावेज साथ लेकर जाने होंगे:

  • पासपोर्ट साइज फोटो
  • प्रवेश परीक्षा का स्कोर कार्ड (JEE/CET/CUET आदि, जहाँ लागू हो)
  • एडमिट कार्ड
  • 10वीं एवं 12वीं के प्रमाण-पत्र
  • सीट आवंटन पत्र
  • फीस भुगतान रसीद
  • पहचान पत्र
  • श्रेणी प्रमाण-पत्र (यदि लागू हो)
  • अन्य आवश्यक दस्तावेज

विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया है कि निर्धारित तिथि और समय पर रिपोर्टिंग नहीं करने वाले अभ्यर्थियों की सीट प्रभावित हो सकती है। वहीं जिन अभ्यर्थियों ने सीट रिटेन कर ली है, उन्हें दोबारा रिपोर्ट करने की आवश्यकता नहीं होगी।

GGSIPU प्रशासन ने सभी उम्मीदवारों को सलाह दी है कि वे प्रवेश प्रक्रिया से संबंधित सभी निर्देशों का पालन करें और निर्धारित समय-सीमा के भीतर सभी औपचारिकताएँ पूरी करें।